spot_img
22.1 C
New Delhi
Tuesday, December 6, 2022

चमोली हादसा: टनल में 21वें दिन रेस्क्यू जारी, अब तक 72 शव हो चुके बरामद

नई दिल्ली। उत्तराखंड (Uttarakhand) के चमोली (Chamoli tragedy) जिले में आपदा के 20वें दिन भी रैणी और तपोवन क्षेत्र में मलबा हटाने और लोगों की खोज का अभियान जारी रहा। हलांकि भारी तादाद में मलबा जमा होने के चलते रेस्क्यू की रफ्तार धीमी है। चमोली पुलिस के मुताबिक अब तक कुल 72 शव और 30 मानव अंग बरामद हुए हैं जिनमें से 40 शवों और 1 मानव अंग की पहचान हो चुकी है।

तपोवन और रैणी में सर्च अभियान जारी

SDRF और NDRF के द्वारा तपोवन,रैणी और आस-पास के क्षेत्रों में सर्च अभियान जारी है। वहीं उत्तराखंड के डीजीपी अशोक कुमार ने कहा, आपदा आए 10 दिन हो चुके हैं लेकिन हमने अभी उम्मीद नहीं छोड़ी है और हम ज्यादा से ज्यादा जिंदगियां बचाने के लिए सभी मुमकिन प्रयास करेंगे। लापता लोगों के परिजनों द्वारा तपोवन में विरोध किए जाने की खबरों के बारे में पूछे जाने पर डीजीपी ने कहा कि सुरंग में फंसे लोगों तक संपर्क स्थापित करने के लिए हर संभव प्रयास किया जा रहा है और लोगों को धीरज नहीं खोना चाहिए।

रैणी की धरती पर आपदा देख दुखी है मन

इससे पहले शुक्रवार के दिन केंद्रीय मंत्री उमा भारती आपदा प्रभावित क्षेत्र रैणी और तपोवन गांव पहुंचकर लोगों से मुलाकात की। इस दौरान रैणी में उमा भारती ने कहा कि जिस धरती से पर्यावरण को बचाने के लिए मुहिम शुरू की गई है वहां पर आपदा आने पर मन दुखी होता है। उमा भारती ने आपदा प्रभावित लोगों को आश्वासन देते हुए कहा कि वह प्रदेश और केंद्र सरकार से बात कर उनकी समस्याओं के समाधान का प्रयास करेंगी।

जानें क्या है पूरा मामला

देवभूमि उत्तराखंड में रविवार को फिर कुदरत का कहर देखने को मिला है। एका-एक ग्लेशियर टूट जाने के कारण देखते ही देखते पानी के तेज बहाव ने उत्तराखंड के कई जिलों को तहश-नहस कर दिया। इस कुदरती हादसे में पुल से लेकर घर तक को नुकसान हुआ है। ऋषिगंगा घाटी पहाड़ से गिरी लाखों मीट्रिक टन बर्फ के कारण ऋषिगंगा और धौलीगंगा नदियों में अचानक आई बाढ़ से 13.2 मेगावाट ऋषिगंगा जल विद्युत परियोजना पूरी तरह तबाह हो गयी थी। जबकि बुरी तरह क्षतिग्रस्त 520 मेगावाट तपोवन-विष्णुगाड परियोजना की सुरंग में काम कर रहे लोग उसमें फंस गए थे। घटना के बाद से ही वहां लगातार तलाश और बचाव अभियान चलाया जा रहा है जिसमें सेना, एनडीआरएफ, आइटीबीपी और एसडीआरएफ शामिल हैं

Priya Tomar
Priya Tomar
I am Priya Tomar working as Sub Editor. I have more than 2 years of experience in Content Writing, Reporting, Editing and Photography .

Related Articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisement -spot_img

INDIA COVID-19 Statistics

44,674,874
Confirmed Cases
Updated on December 6, 2022 7:20 PM
530,633
Total deaths
Updated on December 6, 2022 7:20 PM
5,436
Total active cases
Updated on December 6, 2022 7:20 PM
44,138,805
Total recovered
Updated on December 6, 2022 7:20 PM
- Advertisement -spot_img

Latest Articles